- घटना स्थल से अलीनगर थाना नजदीक, फिर भी मुलसराय अलीनगर के बीच फंसा रहा पीड़ित
Chandauli news : पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने जिले में आने के साथ ही मातहतों को अपने कार्य प्रणाली से अवगत करा दिए की जनता को न्याय दिलाना उनके लिए सर्वोपरि है। इसके लिए बकायदे मातहतों के साथ बैठक कर यह निर्देश भी दिए की किसी भी स्थिती में फरियादि को थाने से मायूस नहीं होना पड़े। लेकिन छिनैति जैसी घटना की सूचना के बाद भी अलीनगर और मुगलसराय के सीमा विवाद में पीड़ित पीस रहा था। स्थिती यह हो गयी बिना तहरीर दिए ही उन सभी को मिर्जापुर वापस होना पड़ गया। बाद में ज़ब मामला उच्चाधिकारीयों के यहां पहुंचा उसके बाद पीड़ित से सम्पर्क करके बुलाया गया।
बुधबार की रात्रि मे मिर्ज़ापुर जिले के आदलहाट व फिरोजपुर के रविन्द्र व रोहित सिंह के साथ छिनैति की घटना रिंग रोड पर कुरहना गांव के समीप हुआ। घटना की जानकारी पीड़ित ने पेट्रोल पम्प पर पहुंचने के बाद डायल 112 को किसी दूसरे के नंंबर से दिया। कारण की पीड़ित का पैसा व मोबाईल सब छीन ले गए थे। रिंग रोड पर छिनैति की घटना के बाद पुलिस की सक्रियता दिखने की बजाय घोर लापरवाही सामने आयी। पहले तो अलीनगर व मुगलसराय के बीच मामला फंस गया। पीड़ित को अलीनगर थाने बुलाया गया। इसके बाद अलीनगर पुलिस घटना को लेकर सक्रियता दिखाने की बजाय घटना स्थल को मुगलसराय का बता दिया।
छिनैति की घटना के बाद भी पुलिस के सीमा विवाद को देखते हुए पीड़ित रात्रि में ही मायूस होकर बिना तहरीर दिए ही वापस हो लिया। हलांकि डायल 112 की कंट्रोल ने आठ घण्टे बाद ज़ब फीड बैग लिया तो अलीनगर ने पुलिस पुनः घटना स्थल मुगलसराय का बताकर अपना पल्ला झाड लिया। थाने से असंतुस्ट जबाब के बाद डायल 112 कंट्रोल मुख्यालय ने जिले के वरिष्ठ अधिकारियों को इससे अवगत कराया। इसके बाद सभी के कान खडे हो गए। ज़ब जांच पड़ताल शुरु हुआ तब पता चला की 03 कदम की दूरी दो थानों का बॉर्डर कब्जा किया हुआ है। घटना स्थल मुगलसराय में निकला। हलांकि घटना स्थल भले ही मुगलसराय का था लेकिन अलीनगर को ज़ब पता चला तो कम से कम थाने को सूचित कर दिए होते। लेकिन पूरी तरह से दम्मी मार बैठे रहे। घटना के बाद दोनों थानों की सक्रियता बढ़ी होती तो शायद लुटेरे पुलिस की गिरफ्त में आ सकते थे।