ब्रती महिलाओं के लिए पूजा सामान श्रृंगार, फल व मिठाई लेकर पहुंची एसडीएम सदर
हाथों में मेंहदी व पैरों में लगाएं गये महावर

Chandauli news : हर जंग जीत सकती है, अगर नारी ठान ले, मुश्किलों को रौंद सकती है, अगर नारी मान ले। “नारी है शक्ति, नारी ही अभिमान,नारी से ही रोशन, यह सारा जहान।” बाढ़ कि भयावह मंजर के कारण अपने घर बार को छोड़कर सरकारी बाढ़ शिविर में जीवन ब्यतीत करने के साथ ही सरकारी राहत सामग्री के सहारे दिन काट रही महिलाओं ने अपने पति के दीर्घायु जीवन के हरितालिका तीज का ब्रत रखा। कहा गया है कि प्रभु पुआ पकवान नहीं बल्कि भक्त के भाव के भूखे होते है इस संकल्प के साथ महिलाएं संकट के इस घड़ी में उपवास रखी।
हलांकि सदर एसडीएम एक अधिकारी के साथ साथ महिला भी है. यह मंगलवार को कर समय दिखा ज़ब बाढ़ चौकी भटपुरवा पर दर्जनों महिलाओं तीज व्रत पूजन में लगने वाली सामग्री लेकर पहुंची। यहां तक कि सबसे पहले सुहागिन महिलाओं के हाथों में मेंहदी, पैर में महावर लगाया गया। पूजन में श्रृंगार का सामान, फल, मिठाई और अर्घ्य देने क्व लिए दूध का वितरण अपने हाथों से कीं। एसडीएम के इस पहल महिलाओं के कहा महिलाओं के दर्द व उसके भावनाओं को एक महिला से ज्यादा दूसरा नहीं समझ सकता। आज का दिन सुहागिन महिलाओं के लिए कितना महत्वपूर्ण है यह महिला अधिकारी ने समझा।
