आरपीएफ व अलीनगर पुलिस का गठजोड़

Chandauli news : शराब तश्करी के मामले में पुलिस अजब गजब कार्य कर रही है। सिविल पुलिस पहले इसके लिए बदनाम थी कि दरोगा जिसे चाहे उसे 10 पुड़िया गांजा में चालान कर देगा लेकिन धीरे धीरे यह दौर समाप्त हो गया। कारण कि डीजीपी ने ई साक्ष्य सिस्टम करा दिए। मतलब अब गिरफ्तारी के समय वीडियो फोटो जरूरी हो गया। यह पुलिस पर लगने वाले आरोप प्रत्यारोप के बचाव में उठाया गया कदम है।
हलांकि सिविल पुलिस के कार्याशैली में तो बदलाव हो गया। लेकिन पुलिस के इस गुण को आरपीएफ ने आत्मसात किया है। रेलवे के सुरक्षा कि जिम्मेदारी के साथ साथ अब यह शराब पकड़ने में रूचि दिखा रही है। ऐसा नहीं कि ट्रेन से शराब तस्करी करने वालों को पकड़ रही। बल्कि सरेराह किसी को भी पकड़ झोले में बोलत के साथ फोटो खिंचवा दे रही है. कुछ ऐसा मामला बुधवार को चकिया तिराहा पर दिखा। जहां पुलिस का बड़ा कैमरा होने बाद भी आरपीएफ का एक सिपाही एक ब्यक्ति को पकड़ उसे शराब तश्करी में झोकने का प्रयास कर रहा।
कुछ ऐसा ही एक वीडियो आरपीएफ पुलिस कि वायरल हो रही है. जिसमें आरपीएफ का एक दीवान एक युवक को कालर पकड़ यह कहते हुए खींच रहा है कि बैग या झोला तुम्हारा है। उधर ब्यक्ति यह कह रहा कि बिना टिकट होने के कारण वह ट्रेन से कुदकर भगा था।